एलिवेटेड रोडः सर्वे को चाहिए 63 लाख, एमपीआरडीसी ने भोपाल भेजा प्रस्ताव

ग्वालियर । शहर के ट्रैफिक लोड को कम करने की दिशा में ऐलिवेटेड रोड के कंसेप्ट प्लान को धरातल पर लाने की तैयारी जारी है। जिला प्रशासन के अधिकारियों ने इस कंसेप्ट प्लान को तैयार किया था जिसके बाद फिजिबल स्टडी और सर्वे के लिए एमपी रोड डेवलपमेंट कार्पोरेशन को जिम्मा दिया था। एमपीआरडीसी पर स्थानीय स्तर पर फंड न होने के कारण फिजिबल सर्वे फिलहाल रुक गया है और अब इसी फंड की मांग के लिए एमपीआरडीसी ने भोपाल प्रस्ताव भेज दिया है। इस प्रस्ताव में बताया गया है कि ग्वालियर में ऐलिवेटेड रोड का प्रस्ताव है जिसको लेकर फिजिबल स्टडी के लिए 63 लाख रुपए के बजट की आवश्यकता है। अब इस प्रस्ताव को मंजूरी मिलते ही आगे की कवायद की जाएगी।


ज्ञात रहे कि शहर के दम घुटते ट्रैफिक को नई सांस देने के मकसद से शहर के अफसर एक नए ट्रैफिक डायमेंशन की तैयारी कर रहे हैं। यह कंसेप्ट प्लान ऐलिवेटेड रोड का है, जिससे ट्रैफिक की एक नई लाइन लोड को कम कर सकेगी। इसका प्रस्ताव तैयार कर लिया गया है। इसमें मुरार नदी और स्वर्ण रेखा नदी के ऊपर ऐलिवेटेड रोड बनाने की प्लानिंग है, इस रोड की ऊंचाई तीन मीटर से लेकर 15 मीटर तक होगी। स्मार्ट सिटी योजना में शामिल ग्वालियर महानगर में भले ही बड़ी-बड़ी लागत के प्लान तैयार किए जा रहे हैं लेकिन अभी तक ट्रैफिक मैनेजमेंट का हल नहीं किया गया है। खास बात यह कि शहर में अभी तक पब्लिक ट्रांसपोर्ट तक नहीं है,तो ऐसे में सुगम यातायात बड़ी चुनौती है।


 

57 किमी की ऐलिवेटेड रोड का प्लान


शहर का विस्तार होने की बजाए बसाहट के साथ-साथ वाहनों का बेड़ा निर्धारित दायरे में ही बढ़ा है। इसका बड़ा उदाहरण काउंटर मैग्नेट एरिया है जो पहले भी सूना था और अब भी जस का तस है। शहर में स्वर्ण रेखा नदी जो अब नाले में परिवर्तित हो चुकी है और मुरार नदी की भी यही स्थिति है। इन दोनों नदियों के ऊपर ऐलिवेटेड रोड का प्लान है। हाईटेक पिलर जो बड़े शहरों में ऐलिवेटेड रोड के लिए उपयोग किए जाते हैं, इनका आकार भी छोटा और यह मजबूत होते हैं। ऐसे पिलरों पर यह प्लान किया जा रहा है। उदाहरण बतौर जिस तरह दिल्ली में दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन का ऐलिवेटेड सिस्टम है,उसी थीम पर आइडिएशन है। अभी पहले ग्राउंड सर्वे में 57 किमी लंबाई की ऐलिवेटड रोड का प्लान किया गया है जो कि साडा से भी कनेक्ट होगा।


 

ग्वालियर में ट्रैफिक के लोड को कम करने के लिए ऐलिवेटेड रोड का प्लान है जिसको लेकर फिजिबल स्टडी होना है। इसको लेकर बजट दिए जाने के लिए भोपाल प्रस्ताव भेज दिया गया है। भोपाल से स्वीकृति आते ही सर्वे शुरू कर दिया जाएगा।


राजीव श्रीवास्तव, जीएम, एमपीआरडीसी