मध्य प्रदेश की राजनीतिक उठापटक से जुड़ी हर बड़ी खबर एक लिंक में, एक जगह यहां पर पढ़िए

कलेक्शन / 20 मार्च को मध्य प्रदेश में बीते 17 दिनों से चल रही राजनीतिक उठापटक मुख्यमंत्री कमलनाथ के इस्तीफे पर आकर ठहर गई। शुक्रवार को उन्होंने मीडिया के सामने आकर उन्होंने अपनी बात रखी और कुछ देर बाद राज्यपाल को जाकर अपना इस्तीफा सौंप दिया।  इस पूरे घटनाक्रम को पहले ही दिन से बहुत गहराई से कवर किया है। ऐसे में हम शुक्रवार के घटनाक्रम के बड़े अपडेट्स के सारे लिंक्स एक पैकेज में लगाकर प्रस्तुत कर रहे हैं।


मप्र के घटनाक्रम पर बड़ी खबरें और उनके लिंक्स 


पढ़ें -  मध्य प्रदेश से LIVE / 17 दिन के सियासी ड्रामे के बाद मुख्यमंत्री कमलनाथ का इस्तीफा, अपनी उपलब्धियों पर 16 बार कहा- भाजपा को यह रास नहीं आया


पढ़ें - अब कमल नहीं नाथ / कमलनाथ 1 साल 3 महीने 3 दिन मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री रहे, वे राज्य में कांग्रेस के 11वें ऐसे मुख्यमंत्री, जो 5 साल का कार्यकाल पूरा नहीं कर सके


पढ़ें - ग्राउंड रिपोर्ट / भाजपा कार्यालय में सुबह सन्नाटा, दोपहर में जश्न; कांग्रेस दफ्तर में सिर्फ सुरक्षा कर्मी


पढ़ें - मप्र का पॉलिटिकल ड्रामा / कमलनाथ के इस्तीफे पर शिवराज और सिंधिया ने कहा- सत्यमेव जयते!; कांग्रेस बोली- जनता हार गई, भाजपा जीत गई


पढ़ें - एमपी में 17 दिन का ड्रामा, 7 किरदार / सिंधिया हीरो, कमलनाथ लूजर, शिवराज गेनर और दिग्विजय विलेन रहे; नरोत्तम, तोमर और जफर ने बैकस्टेज संभाला


पढ़ें - भोपाल में भाजपा के खेमे से / शिवराज के घर शाम को भाजपा विधायकों की दावत, गोपाल भार्गव बोले- सीएम पर आलाकमान फैसला करेगा


पढ़ें -  मध्य प्रदेश में अब आगे क्या / कमलनाथ के इस्तीफे के बाद अब भाजपा सरकार बनाने का दावा पेश करेगी, शिवराज सीएम बनेंगे; 25 सीटों पर उपचुनाव होंगे


पढ़ें -  भोपाल में कांग्रेस के खेमे से / कमलनाथ सरकार में मंत्री रहे प्रदीप जायसवाल ने पाला बदला, सोनिया गांधी से मिलने कल दिल्ली जाएंगे कमलनाथ


पढ़ें - मप्र के सियासी ड्रामे के 17 दिन की कहानी / दिग्विजय के हॉर्स ट्रेडिंग के आरोप, सिंधिया का इस्तीफा और शिवराज का डिनर


पढ़ें - फ्लोर टेस्ट पर 'सुप्रीम' फैसला / शिवराज सिंह ने कहा- भाजपा को बहुमत का भरोसा है; सचिवालय को दलालों का अड्‌डा बनाने वाली सरकार गिरेगी


पढ़ें - सीहोर के ग्रेसेस रिजॉर्ट से / भाजपा के दिग्गज नेताओं की हंसी-ठिठोली ने बहुत कुछ बयां कर दिया था, मंदिर में विधायकों की लाइन लगी थी